सिराजुद्दीन ज़फर

सिराजुद्दीन ज़फर की रचनाएँ

उठो ज़माने के आशोब का इज़ाला करें उठो ज़माने के आशोब का इज़ाला करें ब-नाम-ए-गुल-बदनाँ रूख़ हुए प्याला करें ब-याद-ए-दीदा-ए-मख़्मूर…

1 month ago