रम्ज़ अज़ीमाबादी

रम्ज़ अज़ीमाबादी की रचनाएँ

ऐब जो मुझ में हैं मेरे हैं हुनर तेरा है ऐब जो मुझ में हैं मेरे हैं हुनर तेरा है…

4 weeks ago