ज़ाहिदा जेदी

ज़ाहिदा जेदी की रचनाएँ

तख़ईल का दर खोले हुए शाम खड़ी है तख़ईल का दर खोले हुए शाम खड़ी है गोया कोई तस्वीर ख़यालों…

4 weeks ago