राजेन्द्र टोकी

राजेन्द्र टोकी की रचनाएँ

सोचना ही फ़ज़ूल है शायद सोचना ही फ़ज़ूल है शायद ज़िन्दगी एक भूल है शायद हर नज़ारा दिखाई दे धुँधला…

3 weeks ago