‘वामिक़’ जौनपुरी

‘वामिक़’ जौनपुरी की रचनाएँ

अभी तो हौसला-ए-कारोबार बाक़ी है अभी तो हौसला-ए-कारोबार बाक़ी है ये कम कि आमद-ए-फ़स्ल-ए-बहार बाक़ी है अभी तो शहर के…

2 months ago