ज़हीर रहमती

ज़हीर रहमती की रचनाएँ

बरगुज़ीदा हैं हवाओं के असर से हम भी बरगुज़ीदा हैं हवाओं के असर से हम भी देखते हैं तुझे दुनिया…

4 weeks ago