बिरजीस राशिद आरफ़ी

बिरजीस राशिद आरफ़ी की रचनाएँ

धूम ऐसी मचा गया कोहरा धूम ऐसी मचा गया कोहरा जैसे सूरज को खा गया कोहरा बन के अफ़वाह छा…

12 months ago