विमल राजस्थानी

विमल राजस्थानी की रचनाएँ

क्रांति की लपट उठी क्रांति की लपट उठी शांति की जली कुटी तिनका-तिनका जल रहा चिंगारियों का झुंड बाँधकर हुजूम…

7 months ago