‘शोला’ अलीगढ़ी

‘शोला’ अलीगढ़ी की रचनाएँ

ऐ हज़रत ईसा नहीं कुछ जा-ए-सुख़न अब  ऐ हज़रत ईसा नहीं कुछ जा-ए-सुख़न अब वो आ गए रखवाइए तह कर…

2 months ago